पुण्यतिथिः क्रिकेटर बनने का सपना देखने वाले मैक मोहन यूं बने ‘सांभा’, इस फिल्म की शूटिंग के बाद तोड़ दिया दम

0
47

पुण्यतिथिः क्रिकेटर बनने का सपना देखने वाले मैक मोहन यूं बने ‘सांभा’, इस फिल्म की शूटिंग के बाद तोड़ दिया दम

बॉलीवुड के मशहूर खलनायक मोहन माकीजनी जिन्हें दुनिया मैक मोहन के नाम से जानती थी 10 मई 2010 को इस दुनिया से हमेशा के लिए चले गए थे। मैक ने बॉलीवुड की लगभग 200 फिल्मों में काम किया, लेकिन उन्हें शोले के ‘सांभा’ के रोल में काफी शोहरत मिली। पर्दे पर वो अधिकतर सपोर्टिंग किरदार में ही नजर आए, लेकिन उनकी मौजूदगी ही फिल्म में खौफ का माहौल बनाए रखने के लिए काफी होती थी। वो अक्सर फिल्मों में मुख्य खलनायक के गैंग का हिस्सा होते थे। आज उनकी पुण्यतिथि के मौके पर आपको बताते हैं उनसे जुड़ी कुछ खास बातें।

मैक मोहन पढ़ाई में काफी अच्छे थे और क्रिकेट में भी काफी दिलचस्पी रखते थे। परिवार को भी लगता था कि वो क्रिकेटर बनेंगे, हालांकि किस्मत ने मैक के लिए कुछ और ही सोचा था। उन दिनों क्रिकेट की ट्रेनिंग मुंबई में अच्छी दी जाती थी इसलिए मैक मुंबई आ गए। हालांकि मुंबई में जब उन्होंने थिएटर देखा तो उनकी दिलचस्पी अभिनय में हो गई। मशहूर गीतकार की पत्नी शौकत कैफी को अपने एक नाटक के लिए पतले लड़के की जरूरत थी। मैक मोहन के एक दोस्त ने इस रोल के बार में उन्हें बताया। मैक को थिएटर में दिलचस्पी भी थी और पैसे की जरूरत भी। ऐसे में उन्होंने ये रोल कर लिया और इस तरह उनके अभिनय की दुनिया में आने की शूरूआत हो गई।

क्रिकेटर बनने का सपना लेकर मुंबई आए मैक रंगमंच से जुड़ गए और फिर उन्होंने ठान लिया कि वो अभिनेता ही बनेंगे। 1964 में चेतन आनंद की फिल्म ‘हकीकत’ से उन्होंने बॉलीवुड में एंट्री की। इसके बाद उन्होंने ‘जंजीर’, ‘सलाखें’, ‘शागिर्द’, ‘सत्ते पे सत्ता’, ‘डॉन’, ‘दोस्ताना’, ‘काला पत्थर’ जैसी कई फिल्मों से अपने अभिनय का हुनर साबित किया। हालांकि उन्हें असली पहचान मिली थी फिल्म शोले के सांभा के रूप में। इस फिल्म में उन्होंने सिर्फ एक ही डायलॉग बोला, ‘पूरे पचास हजार’ और उनका किरदार हमेशा हमेशा के लिए अमर हो गया।

मैक स्वभाव के बहुत अच्छे थे लेकिन उनकी एक ही आदत सबसे बुरी मानी जाती थी। वो शराब बहुत पीते थे। सिगरेट तो इतनी ज्यादा पीते थे कि माचिस की जरूरत नहीं पड़ती थी बल्कि वो सिगरेट से सिगरेट जला लिया करते थे। ये ही उनके अंत का कारण भी बना।

दरअसल जब मैक फिल्म ‘अतिथि तुम कब जाओगे’ की शूटिंग कर रहे थे तभी उनकी तबीयत खराब हो गई। उन्हें मुंबई के कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों ने बताया कि उनके फेफड़े में ट्यूमर है। इसके बाद उनका लंबा इलाज चला लेकिन साल भर बाद 10 मई को मैक इस दुनिया से चले गए। उनके अंतिम संस्कार में शक्ति कपूर, प्रिया दत्त, रंजीत जैसे कई दिग्गज कलाकार शामिल हुए थे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here