4 देशों में एक साथ भूकंप के तेज झटके, भारत के ये 8 राज्य थर्राए

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4 देशों में एक साथ भूकंप के तेज झटके, भारत के ये 8 राज्य थर्राए

4 देशों में एक साथ भूकंप के तेज झटके, भारत के ये 8 राज्य थर्राए
नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली (Delhi) समेत उत्तर भारत के कई राज्यों में शुक्रवार रात 10 बजकर 34 मिनट पर भूकंप (Earthquake) के तेज झटके महसूस किए गए हैं. नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी (NCS) के मुताबिक, भूकंप का केंद्र अमृतसर था, जहां रिक्टर पैमाने पर इसकी तीव्रता 6.1 थी. जबकि राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.2 मापी गई.

भूकंप के ये झटके इतनी तेज थे कि दहशत में लोग अपने-अपने घरों और दुकानों से बाहर निकल आए. भूकंप के ये झटके भारत के 8 राज्य हरियाणा (Haryana), राजस्थान (Rajasthan), जम्मू-कश्मीर (Jammu and Kashmir), दिल्ली (Delhi), नोएडा (Noida), गाजियाबाद (Ghaziabad), गुरुग्राम (Gurugram) और पंजाब (Punjab) में सबसे ज्यादा महसूस किए गए. हालांकि इसमें तत्काल जानमाल के नुकसान की कोई खबर नहीं है.

24 घंटे में दूसरी बार थर्राई धरती
बताते चलें कि 24 घंटों में ये दूसरी बार था जब भारत में भूकंप के झटके महसूस किए गए. इससे पहले शुक्रवार को ही दिन में राजस्थान के बीकानेर में 4.3 तीव्रता वाला भूकंप आया था. जिसका केंद्र अलवर में था. यह भूकंप भारतीय समयानुसार सुबह 8:01 बजे सतह से आया था. भूकंप आने के तुरंत बाद ये माइक्रोब्लॉगिंग साइट ट्विटर पर भी टॉप ट्रेंड करने लगा. लोग अपने अपने अनुभव साझा करने लगे.

4 देशों में एक साथ आया भूकंप
1. अफगानिस्तान में 7.5 तीव्रता का भूकंप आया, जिसका केंद्र फैजाबाद बताया जा रहा है.
2. दिल्ली में 4.2 तीव्रता का भूकंप आया, जिसका केंद्र राजस्थान का अलवर जिला रहा.
3. पाकिस्तान में 4.3 तीव्रता का भूकंप आया.
4. तजाकिस्तान में 6.3 तीव्रता का भूकंप आया.

आइये जानें क्‍या होते हैं रिक्‍टर स्‍केल पर भूकंप के पैमाने…
0 से 1.9 : इस तीव्रता पर भूकंप आने पर सिर्फ सीज्मोग्राफ से ही पता चलता है.
2 से 2.9 : इस तीव्रता का भूकंप आने पर हल्का कंपन होता है.
3 से 3.9 : ऐसा असर होता है, जैसे कोई ट्रक आपके नजदीक से गुजरा हो.
4 से 4.9 : खिड़कियां टूट सकती हैं. दीवारों पर टंगे फ्रेम भी गिर सकते हैं.
5 से 5.9 : फर्नीचर हिल सकता है.
6 से 6.9 : इमारतों की नींव भी दरक सकती है और ऊपरी मंजिलों को नुकसान हो सकता है.
7 से 7.9 : इस तीव्रता में इमारतें गिर जाती हैं और जमीन के अंदर मौजूद पाइप भी फट जाते हैं.
8 से 8.9 : इमारतों सहित बड़े पुल भी गिर जाते हैं.
9 और उससे ज्यादा तीव्रता : इस तीव्रता का भूकंप काफी तबाही मचाता है. यह भूकंप इतना तेज होता है कि अगर कोई मैदान में खड़ा हो तो उसे धरती लहराते हुए दिखेगी. अगर समंदर नजदीक हो तो सुनामी आ सकती है.

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